VRINDAVAN INSTITUTE OF NATUROPATHY AND YOGIC SCIENCES is an authorized Work Integrated Vocational Education Center (WIVE) of Asian International University in India.

भोजन संबंधी नियम

By- Dr. Kailash Dwivedi 'Naturopath'

1.     स्वस्थ्य रहने के लिए भोजन सात्विक एवं संतुलित होना चाहिए |

2.     हमें अपना भोजन प्राकृतिक या अधिक से अधिक प्राकृतिक रूप में ही लेना चाहिए |

3.     मौसम के ताज़े फलों, ताज़ी हरी पत्तेदार सब्जियों तथा अमृताहर (अंकुरित अन्न) को भोजन में पर्याप्त स्थान देना चाहिए |

4.     भूख लगने पर ही भोजन करना चाहिए | सामान्यतः इसका समय निश्चित करते हुए दिन में दो बार ही भोजन करना चाहिए |

5.     शाम का भोजन सूर्यास्त से पूर्व या सोने के तीन घंटे पहले कर लेना अधिक श्रेयस्कर है |

6.     बार-बार खाने से पाचन संस्थान को अधिक परिश्रम करना पड़ता है | इसलिए इस प्रवृत्ति से बचना चाहिए |

7.     कहीं बाहर से लौटने पर या काम की थकान होने पर तुरंत भोजन न करके पहले थोडा विश्राम करके ही भोजन करना चाहिए |

8.     शीतगृह के मंहगे फलों की अपेक्षा मौसम के ताज़े फल तथा स्थानीय फलों व सब्जियों का सेवन अधिक लाभदायक होता है |

9.     रोग की अवस्था में भोजन को त्याग देना उचित है |

10.  दो प्रधान भोजनों के बीच भूख लगने पर फल, फलों का रस, छाछ या नींबू पानी लिए जा सकते हैं |

11.  भोजन शांतिपूर्वक बैठकर खूब चबा-चबाकर मनोयोग से करना चाहिए |

12.  भोजन करने के पूर्व हाथ, पैर एवं मुंह धो लेना चाहिए |

13.  भोजन करते समय केवल भोजन ही करना चाहिए | मौन रहकर भोजन करना सर्वश्रेष्ठ है |

14.  भोजन एकांत स्थान और शुद्ध वातावरण में स्वच्छ पात्रों में करना चाहिए |

15.  सदैव भूख से थोडा कम भोजन करना चाहिए |

16.  क्रोध एवं अवसाद में भोजन करना हानिप्रद है | अतः ऐसे में भोजन को त्याग देना उचित होगा |

17.  भोजन में क्षारीय और अम्लीय आहार का अनुपात 80 एवं 20 प्रतिशत का होना चाहिए |क्षारीय आहार में अधिकांश फल, सब्जियां तथा अपक्वाहार आते हैं | अम्लीय आहार में ब्रेड, रोटी, मसालेदार सब्जियां, तली-भुनी चीजें तथा कॉफ़ी, चाय इत्यादि खाद्य पदार्थ आते हैं | पाचन में अंतिम परिणाम के आधार पर नींबू आदि को भी क्षारीय खाद्य पदार्थों में गिना जाता है |

18.  फ्रिज से निकाले गये फलों को यदि लेना हो तो तत्काल न खाकर उनका तापमान शरीर के तापमान से कम अंतर होने पर ही लेना चाहिए |

19.  भोजन के साथ पर्याप्त मात्रा में सलाद अवश्य लेना चाहिए |

20.  रोटी बनाने के लिए आटा मोटा पिसा हुआ होना चाहिए या अलग से चोकर मिलाया जा सकता है |

21.  भोजन में नमक का प्रयोग सीमित रखना चाहिए |

22.  स्वास्थ्य की दृष्टि से शाकाहार सर्वोत्तम है |

23.  उत्तेजक पेय पदार्थों, गरिष्ठ, तामसिक आहारों, मैदे एवं चीनी से बनी चीजों का प्रयोग करने से बचना चाहिए |